चेन्नई 19 सितंबर 2026 - तमिलनाडु सरकार सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों के भोजन में सप्ताह में एक दिन चिकन बिरयानी शामिल करने की योजना पर काम कर रही है। स्कूल शिक्षा मंत्री ए. राजमोहन ने कहा है कि मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय भी चाहते हैं कि बच्चों को चिकन बिरयानी का विकल्प मिले। हालांकि, इसे तत्काल पूरे राज्य में लागू नहीं किया जाएगा। पहले पायलट प्रोजेक्ट के जरिए साफ सफाई, खाद्य सुरक्षा और बड़े पैमाने पर भोजन तैयार करने की व्यवस्था का परीक्षण किया जाएगा।

राजमोहन ने कहा कि सरकारी स्कूलों में बड़ी संख्या में बच्चे पढ़ते हैं, इसलिए किसी भी नए खाद्य विकल्प को शुरू करने से पहले उसकी पूरी व्यवस्था तैयार करना जरूरी है। पायलट प्रोजेक्ट में यह देखा जाएगा कि चिकन बिरयानी को स्वच्छ परिस्थितियों में कैसे तैयार किया जाए और सुरक्षित तरीके से विद्यार्थियों तक कैसे पहुंचाया जाए। 

योजना के बारे में बात करते हुए शिक्षा मंत्री ने पुझल जेल का उदाहरण दिया। उन्होंने सवाल किया कि जब जेल में कैदियों को चिकन बिरयानी दी जा सकती है तो स्कूल के बच्चों को यह विकल्प क्यों नहीं मिल सकता। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना को तुरंत लागू करना संभव नहीं है, क्योंकि भोजन की स्वच्छता और सुरक्षा से किसी तरह का समझौता नहीं किया जा सकता। सरकार की योजना पहले सीमित स्तर पर इसे शुरू करने और उससे मिले अनुभव के आधार पर आगे का फैसला करने की है।

स्कूल शिक्षा मंत्री ए. राजमोहन ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि चिकन बिरयानी की योजना लागू होती है तो इसे सभी विद्यार्थियों के लिए अनिवार्य नहीं किया जाएगा। शाकाहारी भोजन पसंद करने वाले बच्चों के लिए शाकाहारी विकल्प जारी रहेगा, जबकि मांसाहारी भोजन करने वाले विद्यार्थी चिकन बिरयानी चुन सकेंगे।