सामुहिक खुदकुशी के मामले सामने आया पाकिस्तान कनेक्शन , SIT कर रही है जाँच
मध्य प्रदेश , 16-07-2023 6:01:54 AM
भोपाल 16 जुलाई 2023 - रातीबड़ की शिव विहार कालोनी में सामूहिक आत्महत्या करने वाले परिवार के मुखिया भूपेंद्र विश्वकर्मा के मोबाइल फोन एवं लैपटाप पर मिरर एप्लीकेशन डाउनलोड करवाए गए थे। कोलंबिया से TRP बढ़ाने का झांसा दिया गया था। भूपेंद्र को फंसाने वाली यह कंपनी फर्जी थी।
इसका संचालन चाइना के सर्वर से किया जा रहा था। यह भी पता चला है कि भूपेंद्र को धमकी भरे फोन पाकिस्तान के नंबरों से भी आते थे। पुलिस अब इस मामले में फर्जी एप चलाने वाले डेवलपर की तलाश कर रही है। बताया जा रहा है कि आरोपित डिवाइस एवं लैपटाप पर मिरर एप्लीकेशन डाउनलोड होने की वजह से भूपेंद्र के सभी बैंक खातों पर नजर रखे हुए थे।
उसकी निजी जानकारियों से जुड़ा डाटा, फोन नंबर, गैलरी के वीडियो फोटो तक कापी कर लिए गए थे। भूपेंद्र ने जब आखिरी समय में आरोपितों के चंगुल से छूटने की कोशिश की तो उन लोगों ने कापी किया हुआ डाटा एडिट कर वायरल करना शुरू कर दिया। इसके चलते पूरा परिवार बुरी तरह से सदमे में आ गया था।
एडिशनल डीसीपी शशांक के निर्देशन में काम कर रही SIT ने इस मामले में भूपेंद्र विश्वकर्मा के बैंक खातों की जानकारियां निकालने का प्रयास शुरू किया है। बैंक प्रबंधक को पत्र लिखकर उसके बैंक खाते से पैसे निकालने वाले की लोकेशन सहित अन्य तकनीकी जानकारियां एकत्र की जा रही हैं।
यह है मिरर एप्लीकेशन :-
साइबर जालसाज एनीडेस्क, टीमव्यूअर, मिरर जैसे एंड्रायड एप्लीकेशन डाउनलोड करने के लिए कहते हैं। जिन लोगों को प्ले स्टोर चलाना नहीं आता, उन्हें वाट्सएप पर एंड्रायड पैकेज APK फाइल भेजकर यह एप डाउनलोड करने को कहा जाता है। यह एप्लीकेशन एक प्रकार का जरिया है, जिसके माध्यम से साइबर जालसाज आसानी से आपकी डिवाइस को अपने कंप्यूटर पर हैक कर लेते हैं। साथ ही बैंकिंग एप्लीकेशन का इस्तेमाल कर आपका खाता खाली कर सकते हैं।















