धमतरी 05 अक्टूबर 2026 - छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कृषि भूमि के डायवर्सन के एवज में 10 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा है। आरोपी ने कथित तौर पर काम कराने के बदले कुल 20 हजार रुपए की मांग की थी। शिकायत के सत्यापन के बाद ACB ने ट्रैप की कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। जानकारी के अनुसार शिक्षक कॉलोनी वार्ड नंबर 15, धमतरी निवासी प्रकाश चन्द्राकर ने ACB रायपुर में मामले की शिकायत दर्ज कराई थी।

शिकायतकर्ता ने बताया था कि ग्राम कंहारपुरी, तहसील कुरूद में उसकी कृषि भूमि है। वह इस कृषि भूमि का व्यावसायिक प्रयोजन के लिए डायवर्सन यानी भूमि उपयोग परिवर्तन कराना चाहता था। इसके लिए प्रकाश चन्द्राकर ने कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं दण्डाधिकारी कुरूद में आवेदन दिया था। आवेदन से संबंधित काम को लेकर उसकी मुलाकात कार्यालय में सहायक ग्रेड-3 के पद पर पदस्थ पुनेश्वर सूर्यवंशी से हुई।

आरोप है कि कृषि भूमि को व्यावसायिक प्रयोजन के लिए डायवर्सन कराने के एवज में पुनेश्वर सूर्यवंशी ने उससे 20 हजार रुपए रिश्वत की मांग थी। शिकायत कर्ता रिश्वत की रकम नहीं देना चाहता था। उसने आरोपी कर्मचारी को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़वाने के उद्देश्य से एंटी करप्शन ब्यूरो रायपुर से संपर्क किया और पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई।

शिकायत मिलने के बाद ACB की टीम ने इसका सत्यापन किया। शिकायत सत्यापन के दौरान आरोपी कर्मचारी के प्रथम किस्त के रूप में 10 हजार रुपए लेने पर सहमत होने की बात सामने आई। इसके बाद 05 अक्टूबर को ACB की टीम ने ट्रैप कार्रवाई कर 10 हजार की रिश्वत लेते सहायक ग्रेड-3 पुनेश्वर सूर्यवंशी को रंगे हाथ पकड़ लिया।

आरोपी पुनेश्वर सूर्यवंशी के विरुद्ध धारा 7, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित अधिनियम 2018) के प्रावधानों के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। मामले में ACB की जांच और आगे की कार्रवाई जारी है।