सक्ति शहर में मां की अंतिम इच्छा पूरी करने के लिए बेटी ने किया वह काम जिसे देख कर ,,
जांजगीर चाम्पा , 28-09-2020 8:29:20 PM
सक्ती 28 सितम्बर 2020 - आज के समय मे बेटे की चाहत पाले हुए दंपती बेटियों को गर्भ में ही मारने पर उतारू है लेकिन उन्हें क्या पता कि जो काम बेटे नही कर सकते है वो काम बेटियाँ कलेजे को मजबूत करके कर सकती है।
एक ऐसा ही गमगीन माहौल सक्ती में देखा गया जब एक बेटी ने बेटे का फर्ज निभाया और ना सिर्फ माँ की मौत के बाद उसकी अर्थी को कंधा दिया और बेटी ने ही मां को मुखाग्नि दी।
हम बात कर रहे है सक्ती के अखरभाठा वार्ड क्रमांक 10 में रहने वाली श्रीमती शास्त्री जी का निधन 27 सितंबर रविवार को शाम 06 बजे के बीच हो गया , कोरोना संक्रमण को देखते हुए जंहा लोगो ने दूरी बना ली वही बेटी ने बेटे का फर्ज निभाते हुए अपनी माँ की अंतिम इच्छा पूरी की ।
नगर पालिका शक्ति में पदस्थ कैसियर सु श्री केशरी द्विवेदी ने पूरी हिंदू रीति रिवाज के साथ पूरी की जो की आज के समाज में एक मिसाल है, वही पूरे शहर वासियों ने केशरी द्विवेदी के इस कार्य की सराहना की है, तथा वर्तमान समय में आज एक बेटी होकर भी बेटे की तरह अपनी माता के अंतिम संस्कार में उसी तरह से सारे कार्य संपन्न करवाना एक दृढ़ इच्छाशक्ति का परिचायक है, तथा केसरी द्विवेदी वर्तमान में नगर पालिका शक्ति में कैसियर के पद पर पदस्थ हैं, तथा वे अपनी माता की अस्वस्थता के बावजूद उनकी काफी सेवाएं करते हुए बखूबी अपनी ड्यूटी का निर्वहन करती थी।
नगर पालिका शक्ति में पदस्थ कैसियर सुश्री केसरी द्विवेदी ने ना सिर्फ अपनी माँ को कांधा दिया बल्कि हिन्दू रीति रिवाजों का पालन करते हुए दी अपनी माता को मुखाग्नि दे कर बेटी होने का फर्ज निभाया।
सक्ती से संजय तम्बोली की रिपोर्ट -

















