रायपुर 28 सितंबर 2023 - पूरे देश में सुर्खियों में बने महादेव आनलाइन सट्टा एप के मुख्य संचालक और इससे जुड़े बड़े खाईवाल इन दिनों पूरी राहत के साथ पांच अक्टूबर से शुरू हो रहे क्रिकेट के विश्वकप में बड़ी कमाई करने के लिए तैयारी में जुटे हुए हैं। दरअसल, जब से प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने महादेव एप की जांच शुरू की है, पुलिस ने प्रदेशभर में अपनी जांच बंद कर दी है। इसके पहले पुलिस रायपुर, भिलाई और दुर्ग से ही लगभग 500 ऐसे आरोपितों को गिरफ्तार कर चुकी है, जो महादेव एप का पैनल और आइडी संचालित करते थे। सबसे बड़ी चुनौती एप को बंद करवाने की है।

साइबर एक्सपर्ट मोहित साहू का कहना है कि एप को बंद करना आसान नहीं है। यह प्ले स्टोर में नहीं है यह एक वेबसाइट लिंक है जिससे आइडी तैयार की जाती है। जितनी आइडी की जानकारी मिलती है पुलिस उसे ब्लाक करवा सकती है। यह इंस्टाग्राम , वाट्सएप और टेलीग्राम के माध्यम से संचालित होता है। जब तक मुख्य संचालक रवि उप्पल और सौरभ चंद्राकर नहीं पकड़े जाते तक तब इसे बंद करवा पाना संभव नहीं है।

बता दे कि महादेव बुक के पोर्टल में केवल क्रिकेट में ही आनलाइन सट्टा नहीं लगाया जा रहा है, बल्कि फुटबाल, हाकी, कसिनो के अलावा कई आनलाइन जुआ खिलाने वाले गेम भी हैं। इसके जरिए बड़े पैमाने पर आनलाइन सट्टा और जुआ खिलाया जा रहा है। इंस्टाग्राम, वाट्सएप और टेलीग्राम के जरिए आनलाइन आइडी बेची जा रही है। इन पर जांच एजेंसियां रोक नहीं लगा पा रही हैं।

महादेव बुक और आनलाइन क्रिकेट सट्टे का रायपुर में भी बड़ा नेटवर्क सक्रिय था। शीमर्स क्लब के संचालक नितिन मोटवानी, युसूफ पुट्टी, कोचिंग सेंटर संचालक नवीन बत्रा, सागर जैन, मन्नू नत्थानी, सन्नी पृथ्वानी आदि सटोरियों के नाम सामने आए हैं। इनमें से कुछ सटोरियों से ईडी भी पूछताछ कर चुकी है।