छत्तीसगढ़ - आमरण अनसन पर बैठे अमित जोगी , कहा या तो मेरी अर्थी उठेगी या फिर..
GPM 26 मई 2025 - पिता अजित जोगी की प्रतिमा खंडित करने से दुखी अमित जोगी आमरण अनशन में बैठ गए है, X पोस्ट में बताया, गोरेला के ज्योतिपुर चौक से छत्तीसगढ़ के प्रथम मुख्यमंत्री माननीय अजीत जोगी जी की प्रतिमा को रात के अंधेरे में चोरी-छिपे उखाड़कर कचरे में फेंकने का जो नीच कृत्य हुआ, इससे पूरे क्षेत्रवासी आहत, दुखी और आक्रोशित है।
इस घटना ने यह प्रमाणित कर दिया है कि राज्य में “दुशासन” निडर होकर अपराध करता है और “सुशासन” सरकारी फ़ाइलों और पेपर ऐड में सिमटा बैठा है। चौक से मूर्ति उखाड़ कर कचरे में फेंक दी जाती है और शासन-प्रशासन को भनक तक नहीं लगती है। राज्य में “सुशासन तिहार नहीं बल्कि सुशासन बीमार” चल रहा है।
क्षेत्र के लोग इस घटना से आहत हो कर सड़क पर उतर आए हैं, जब तक ससम्मान, माननीय अजीत जोगी जी की प्रतिमा को पुनः स्थापित नहीं किया जाता और दोषियों को नहीं पकड़ा जाता तब तक मैं आमरण अनशन करूँगा । “या तो जोगी जी की मूर्ति लगेगी या मेरी अर्थी उठेगी” ये अब सरकार को तय करना है।
















