TI विवेक के जाते ही पुराने ढर्रे पर लौटा सक्ती शहर , सटोरिये और असामाजिकतत्वों का एक बार फिर हुआ बोलबाला
सक्ती , 07-08-2024 11:46:14 PM
सक्ती 07 अगस्त 2024 - "TI विवेक के जाते ही पुराने ढर्रे पर लौटा सक्ती शहर , सटोरिये और असामाजिक तत्वों का एक बार फिर हुआ बोलबाला" खबर का यह शीर्षक हमारा नही बल्कि सक्ती थाना क्षेत्रान्तर्गत रहने वाले उन हजारों लोगों के है जो विवेक शर्मा के थाना प्रभारी रहने के दौरान अपराधियो के खौफ से दूर शांति के साथ जीवन यापन कर रहे थे।
लोगो का कहना है की जब तक विवेक शर्मा सक्ती के थानेदार रहे है तब तक पूरे थाना क्षेत्र के सटोरियो और अपराधियों में खौफ का माहौल रहा है। विवेक शर्मा का नाम सुनते ही सटोरिये और काला कारोबार करने वाले लोगो की पेंट गीली हो जाया करती थी। शराब कोचिये तो विवेक शर्मा के नाम से कांप जाया करते थे।
विवेक के हाथ मे जब तक सक्ती थाने की कमान थी तब तक असामाजिकतत्व बिल में दुबकने को मजबूर थे। लेकिन जैसे ही विवेक शर्मा का तबादला हुआ अपराधियों के हौसले एक बार फिर बुलंद हो गए। चौपाटी चखना सेंटर बन गया। सटोरिये फिर कागज पेन लेकर लोगो को लूटने निकल पड़े।
80 की दशक के लोगो की माने तो अब तक सक्ती में सुभाष सिंह , संजय तिवारी , अजितेश सिंह , मनीष सिंह परिहार और विवेक शर्मा 5 ऐसे थानेदार आये है जिन्होने अपराध और अपराधियों पर पूरी तरह नकेल कसा है।
सक्ती थाना क्षेत्र के लोग एक बार फिर विवेक शर्मा को सक्ती थाना प्रभारी के रूप में देखना चाहते है। लोगो ने सूबे के मुखिया और गृहमंत्री से विनम्र अनुरोध किया है कि वे लोगो की भावनाओं और शहर की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए निरीक्षक विवेक शर्मा को एक बार पुनः सक्ती थाने की कमान सौंपे।

















