कोरबा 26 अगस्त 2026 - बारात आने से ठीक पहले महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम ने पहुंचकर 15 वर्षीय नाबालिग की शादी तो रुकवा दी। लेकिन निगरानी और संरक्षण की हकीकत रविवार को मेडिकल कालेज अस्पताल कोरबा में सामने आ गई। वहां 15 साल की बच्ची प्रसव पीड़ा के बाद अस्पताल पहुंची और कुछ ही देर में उसने एक स्वस्थ शिशु को जन्म दिया।
यानी प्रशासन ने बारात तो रोक दी, लेकिन नाबालिग को उस स्थिति तक पहुंचने से नहीं रोक पाया, जहां उसे मां बनना पड़ा। अस्पताल की सूचना पर पुलिस सक्रिय हुई और युवक बजरंग के खिलाफ पाक्सो अधिनियम के तहत कार्रवाई शुरू की गई है।
जानकारी के मुताबिक रजगामार क्षेत्र निवासी 15 वर्षीय नाबालिग का रिश्ता करीब दो वर्ष पहले धरमजयगढ़ क्षेत्र निवासी युवक के घर से आया था। युवक कुछ समय रजगामार क्षेत्र में रहकर मजदूरी करता था। इसी दौरान दोनों के बीच नजदीकी बढ़ी। स्वजन को इसकी जानकारी हुई तो दोनों पक्षों ने विवाह कराने का निर्णय लिया। पांच मार्च को सगाई हुई और सात मार्च से विवाह की रस्में शुरू हो गईं।
आठ मार्च को बजरंग बारात लेकर नाबालिग के घर पहुंचने वाला था। विवाह की सूचना महिला एवं बाल विकास विभाग को मिली तो टीम बारात पहुंचने से पहले नाबालिग के घर पहुंच गई। दोनों पक्षों को समझाइश दी गई और विवाह रुकवा दिया गया। स्वजन ने निर्धारित उम्र पूरी होने के बाद ही विवाह करने की बात स्वीकार की। यहीं से प्रशासन की जिम्मेदारी खत्म नहीं होनी थी, लेकिन इसके बाद नाबालिग की निगरानी और संरक्षण को लेकर क्या कदम उठाए गए, यह सवाल अब पूरे मामले के साथ खड़ा हो गया है।
शादी रुकने के बावजूद अप्रैल से नाबालिग युवक के घर ही रहने लगी थी। इसी दौरान वह गर्भवती हो गई। रविवार को प्रसव पीड़ा शुरू होने के बाद मितानीन की सूचना पर उसे पहले धरमजयगढ़ अस्पताल ले जाया गया। वहां से उच्च चिकित्सा केंद्र के लिए रेफर किए जाने पर परिजन उसे मेडिकल कालेज अस्पताल कोरबा लेकर पहुंचे। मेडिकल कालेज अस्पताल में चिकित्सकों ने जांच के बाद नाबालिग को भर्ती किया। उसकी हालत को देखते हुए उपचार शुरू किया गया और करीब दो घंटे बाद सामान्य प्रसव कराया गया। नाबालिग ने स्वस्थ शिशु को जन्म दिया। अस्पताल में प्रसूता की उम्र सामने आने के बाद मामला पुलिस तक पहुंचा।
अस्पताल प्रबंधन ने मामले की सूचना सिविल लाइन पुलिस को दी। थाना प्रभारी डीएसपी आस्था शर्मा पुलिस टीम के साथ अस्पताल पहुंचीं और नाबालिग तथा स्वजन से पूछताछ की। पूछताछ में उसकी उम्र 15 वर्ष सामने आई। इसके बाद युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पुलिस के अनुसार उसने नाबालिग के साथ रिश्ते और शादी की पुष्टि की। बयान दर्ज करने के बाद सिविल लाइन पुलिस ने पोक्सो अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया है। मामला रजगामार थाना क्षेत्र से जुड़ा होने के कारण आगे की वैधानिक कार्रवाई रजगामार पुलिस करेगी।













