आखिर क्या है छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री टी एस सिंहदेव की मन्नत जिसके लिए देंगे एक सौ एक बकरों की बलि ,,
रायपुर , 22-12-2020 1:05:28 PM
रायपुर 22 दिसम्बर 2020 - प्रदेश की राजनीति में फिर मन्न्तों का दौर शुरू हो गया है। इस बार मन्न्त मांगने वाले कोई और नहीं, सरकार के कद्दावर मंत्री टीएस सिंहदेव है। सरगुजा प्रवास के दौरान स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव ने सार्वजनिक मंच से इस मन्न्त की जानकारी दी।
स्वास्थ्य मंत्री टी एस सिंहदेव सूरजपुर में आयोजित फुटबाल प्रतियोगिता में पहुंचे थे। इसी मंच से उन्होंने कहा कि वे मन्नत पर भरोसा नहीं करते हैं। वह खुद के लिए कभी मन्नत नहीं मांगते, लेकिन यहां बड़े देवी-देवता के सामने उन्होंने मन्न्त मांगी है। अगर मन्नत पूरी होती है तो वह 101 बकरे देंगे।
टी एस सिंहदेव के इस बयान के बाद सियासी गलियारे में चर्चा तेज हो गई है कि आखिर उन्होंने कौन सी मन्न्त मांगी है। यह इतनी महत्वपूर्ण क्यों है कि 101 बकरे देंगे। प्रदेश में सिंहदेव को लेकर कई तरह की चर्चाओं का दौर चल रहा है।
एक चर्चा यह भी है कि सिंहदेव को कांग्रेस के राष्ट्रीय संगठन में महासचिव की जिम्मेदारी दी जा सकती है। वहीं, सरकार के दो साल पूरे होने पर ढाई-ढाई साल का फार्मूला सुर्खियों में रहा। हालांकि मुख्यमंत्री ने इस विवाद को यह कहकर ठंडा कर दिया था कि वे आलाकमान के निर्देश पर मुख्यमंत्री बने हैं। आलाकमान कहेंगे तो पद से इस्तीफा दे सकते हैं।
कंबल वाले बाबा से लेकर कई बाबा रहे सुर्खियों में
इससे पहले सरगुजा में कंबल वाले बाबा सक्रिय नजर आ रहे थे। उन्होंने कई लोगों के इलाज का दावा किया। तत्कालीन गृहमंत्री रामसेवक पैकरा के लिए उक्त बाबा ने पूजा-पाठ के बाद दावा किया था कि वे चुनाव जीतेंगे। हालांकि पैकरा चुनाव हार गए। वहीं, पिछली सरकार में एक बैगा ने विधानसभा परिसर में भी पहुंचकर पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह के लिए पूजा पाठ की थी। जांजगीर-चांपा के बैगा रामलाल कश्यप का दावा था कि उन्होंने विधानसभा को बांध दिया है। मुख्यमंत्री की कुर्सी पर डा. रमन के अलावा कोई और नहीं बैठ सकता। यह दावा उल्टा पड़ा और चुनाव में महज 14 सीटें जीत कर भाजपा सत्ता से बाहर हो गई।
सोर्स - नई दुनिया














