कोरोना के बाद एक और खतरनाक वायरस की दस्तक, 05 संक्रमित मिलने के बाद 100 लोगो को किया गया क्वारंटाइन
कोलकाता 16 जनवरी 2026 - पश्चिम बंगाल में निपाह वायरस का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। राज्य से लगातार मामले सामने आ रहे हैं। पहले उत्तर 24 परगना जिले के बारासात स्थित एक निजी अस्पताल की 2 नर्सों में निपाह वायरस के लक्षण मिले थे। अब एक डॉक्टर, एक नर्स और एक स्वास्थ्यकर्मी भी इस वायरस की चपेट में आ गए हैं। इसके बाद राज्य में निपाह के सक्रिय मामलों की संख्या बढ़कर 5 हो गई है। शुरुआती दोनों मरीजों को गहन चिकित्सा इकाई (ICU) में रखा गया है।
जानकारी के अनुसार 3 नए संक्रमितों में से एक बारासात अस्पताल का डॉक्टर है, दूसरी कटवा उपमंडल की एक नर्स और तीसरा एक स्वास्थ्य कर्मचारी है। तीनों के पहले संक्रमित हुई नर्स के संपर्क में आने का शक है। फिलहाल तीनों को इलाज के लिए बेलेघाटा स्थित संक्रामक रोग अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, पहली 2 नर्सों के संपर्क में आए लोगों के ब्लड सैंपल जांच के लिए कल्याणी स्थित अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान (AIIMS) भेजे गए हैं।
नए मामले सामने आने के बाद पश्चिम बंगाल सरकार ने लगभग 100 लोगों को होम क्वारंटाइन में रखा है। स्वास्थ्य सचिव नारायण स्वरूप निगम ने इंडियन एक्सप्रेस से कहा, “हम हर संभव उपाय कर रहे हैं और प्रोटोकॉल का पालन कर रहे हैं।” स्वास्थ्य विभाग के एक वरिष्ठ डॉक्टर ने कहा, “इनमें मरीजों के परिवार के सदस्य, डॉक्टर, नर्स, ड्राइवर और अन्य लोग शामिल हैं। हमने उनसे 14-21 दिनों के लिए घर पर क्वारंटाइन में रहने को कहा है।”
बता दे कि निपाह वायरस आमतौर पर चमगादड़ और सुअर से फैलता है। ये संक्रमित मनुष्य से स्वस्थ मनुष्य में भी फैल सकता है। निपाह वायरस के लक्षण 2-3 दिन में दिखने लगते हैं। शुरुआती लक्षणों में बुखार, सिरदर्द और सांस लेने में परेशानी जैसी दिक्कतें होने लगती हैं। संक्रमित होने पर 40 से 75 प्रतिशत लोगों की मौत हो जाती है। ये मस्तिष्क को भी नुकसान पहुंचाता है, जिससे कोमा में जाने का खतरा बढ़ जाता है।

















