135 kmph की रफ्तार से बढ़ रहा है चक्रवाती तूफान ‘रेमल’, इन सात राज्यो में मचाएगा तबाही
नई दिल्ली , 26-05-2024 7:04:05 PM
नई दिल्ली 26 मई 2024 - बंगाल की खाड़ी में बना गहरा दबाव ‘रेमल’ चक्रवात में तब्दील हो चुका है। इसके आज ( रविवार -सोमवार दरम्यिानी रात ) आधी रात को पश्चिम बंगाल के सागर द्वीप तथा बांग्लादेश के खेपुपारा के बीच समुद्र तट से टकराने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग ने के अनुसार, चक्रवात ‘रेमल’ रविवार अगले कुछ घंटों में ( दोपहर तक ) एक गंभीर चक्रवाती तूफान में तब्दील हो जाएगा।
IMD के मुताबिक इसका असर पश्चिम बंगाल में देखने को मिलने लगा है। बंगाल में अभी से मौसम बदलने लगा है। समुद्र में ऊंची-ऊंची लहरे उठने लगी है। वहीं चक्रवाती तूफान रेमल की वजह से कोलकाता के नेताजी सुभाष चंद्र बोस इंटरनेशनल एयरपोर्ट को रविवार दोपहर से सोमवार सुबह तक के लिए बंद कर दिया गया है। रेमल का असर सात राज्यों में देखने को मिल सकता है।
आईएमडी ने रेमल को लेकर अलर्ट जारी किया है। इसके बाद प्रभावित क्षेत्रों वाले इलाके में नाविकों के समुद्र में जाने पर रोक लगा दी गई है। तयीय इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थान पर भेज दिया गया है।
चक्रवात में तब्दील हो चुके ‘रेमल’ के रविवार की आधी रात को 110-120 किमी प्रति घंटे से 135 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से पश्चिम बंगाल के सागर द्वीप तथा बांग्लादेश के खेपुपारा के बीच समुद्री तटों से टकराने की आशंका है। इसके मद्देनजर 26-27 मई को पश्चिम बंगाल और उत्तरी ओड़िशा के तटीय जिलों में अत्यधिक भारी वर्षा की चेतावनी दी गई है।
इन-इन राज्यों में दिखेगा असर
मौसम विभाग के अनुसार, उत्तरी ओडिशा के तटीय जिलों बालासोर, भद्रक और केंद्रपाड़ा में 26 मई और 27 मई को भारी बारिश की संभावना है। इसके अलावा 27 मई को मयूरभंज में भारी वर्षा होने की संभावना है। 26 मई को मिजोरम, त्रिपुरा और दक्षिण मणिपुर में ज्यादातर स्थानों पर हल्की बारिश के साथ कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। 27 और 28 मई को असम और मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, नगालैंड, मिजोरम, मणिपुर और त्रिपुरा में बारिश का अनुमान है। बिहार के कुछ स्थानों में भी बारिश हो सकती है।
त्रिपुरा सरकार ने अगले 48 घंटों में भारी से बहुत भारी बारिश, तेज हवाओं और तूफान की चेतावनी के बाद सभी आठ जिलों में अलर्ट जारी किया है। अतिरिक्त सचिव (राजस्व) तमल मजूमदार ने कहा कि चक्रवाती तूफान के प्रभाव के कारण 28 मई तक राज्य में भारी बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है। झारखंड में भी ‘रेमल’ का असर देखने को मिलेगा। हालांकि, मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पूरे झारखंड में इसका असर नहीं रहेगा।
















