जांजगीर चाम्पा - 21 वर्षीया सुमन यादव के अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझी , प्रेमी ही निकला कातिल , इस वजह से की थी हत्या
जांजगीर चाम्पा , 28-06-2022 11:51:21 PM
जांजगीर चाम्पा 28 जून 2022 - एस पी कार्यालय से मिली जानकारी के मुताबिक दिनांक 24 जून 2022 को थाना बिर्रा पुलिस को एक लड़की का शव तालाब में तैरने की सूचना मिलने पर बिर्रा पुलिस तत्काल मौके पर पहुंचकर शव को तालाब से निकाला गया। ग्राम तालदेवरी के सुमन यादव दिनांक 20 - 21 जून 2022 की दरम्यानी रात से घर से लापता होने की सूचना परिजन द्वारा थाना बिर्रा में दी गई थी जिस पर थाना बिर्रा में गुम इंसान कायम किया गया था।
तालाब से निकाले गये शव की पहचान मृतिका के पिता के द्वारा अपनी पुत्री सुमन यादव उम्र 21 वर्ष निवासी तालदेवरी के रूप में किया गया। शव का पंचनामा कार्यवाही कर मर्ग कायम किया गया। मृतिका का दोनो हाथ-पैर बंधा हुआ था तथा उसके शरीर में पत्थर बंधा हुआ था। प्रकरण में हत्या का अपराध परिलक्षित होने पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ धारा 302 , 201 भादवि का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
विवेचना के दौरान मृतिका के मोबाईल नंबर का काल डिटेल प्राप्त किया गया तथा मोबाईल की जांच की गई। जिसमें मृतिका के द्वारा अपने प्रेमी नीतेश कुमार श्रीवास निवासी तालदेवरी से लगातार बात करना एवं व्हाट्अस से चैट करना पाया गया। नीतेश श्रीवास पर संदेह होने पर उसे पुलिस अभिरक्षा में लेकर मनो वैज्ञानिक तरीके से पुछताछ करने पर अपना जुर्म स्वीकार किया गया।
आरोपी एवं मृतिका सुमन यादव का करीबन 02 वर्षों से प्रेम प्रसंग चल रहा था। मृतिका सुमन यादव आरोपी नीतेश से शादी करने के लिए पीछे पड़ी थी आरोपी के शादी करने से मना करने पर उसे पुलिस केस में फंसाकर बदनाम करने की धमकी देने लगी। दिनांक 20 जून 2022 को रात्रि में सुमन यादव अपने प्रेमी नीतेश को मैसेज कर मिलने को बुलाने पर आरोपी तुरंत ही उसके घर के पास पहुंचकर मृतिका को रात्रि में ही अपने साथ तालदेवरी के बेमन तालाब के पास ले गया जहां पर मृतिका ने आरोपी को जहर खा लेने की बात कही। मृतिका से छुटकारा पाने के लिए आरोपी ने मृतिका का गला दबाकर हत्या कर दिया। बाद में उसके शरीर को ठिकाने लगाने के उद्देश्य से उसी की चुनरी व अपने गमछे से उसके दोनों हाथ-पैर तथा उसके शरीर को दो बड़े पत्थरों से बांधकर तालाब में फेककर वापस घर चला गया था।
मृतिका के कॉल डिटेल में अंतिम बार उसकी बातचीत आरोपी से होना एवं मोबाईल की जांच पर व्हाट्सएप चैटिंग से भी मृतिका का आरोपी से लगातार संपर्क में रहने की पुष्टि होने पर आरोपी को अभिरक्षा में लिया गया। आरोपी के द्वारा लगातार मृतिका से किसी प्रकार का संबंध नहीं होना एवं उससे नहीं मिलना बताकर लगातार पुलिस को गुमराह कर रहा था। परन्तु पुलिस द्वारा मनोवैज्ञानिक तरीके से पूछताछ करने पर आरोपी द्वारा अपराध करना स्वीकार किया गया।
आरोपी को गिरफ्तार करने में बी.एस.खुण्टिया SDOP डभरा , उप निरीक्षक पुष्पराज साहू थाना प्रभारी बिर्रा , उप निरीक्षक योगेश पटेल थाना प्रभारी हसौद , उप निरीक्षक घनश्याम पटेल , सउनि आर.एस.मरावी, सउनि संतोष तिवारी, प्र.आर. विनोद खुंटे, आरक्षक भूपेन्द्र कंवर, शंकर सिंह राज, मानसिंह दुबे, राकेश हरवंश, संजय शर्मा, पदुम कश्यप, कार्तिक कंवर, चंद्रहास लहरे, मिरीश साहू, म.आर. जानकी मधुकर, रितु लहरे का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
















