छत्तीसगढ़ - बिलासपुर के बाद रायगढ़ स्टेसन में बड़ा रेल हादसा होते होते बचा
रायगढ़ , 11-09-2021 2:10:05 PM
रायगढ़ 11 सितम्बर 2021 - बिलासपुर रेल मंडल में ट्रेनों का परिचालन सुरक्षित नहीं रह गया है। बिलासपुर के बाद अब रायगढ़ स्टेशन में प्लेटफार्म की जगह दूसरी रेल लाइन में ट्रेन घुसने की घटना सामने आई है। प्रथम दृष्टया स्टेशन मास्टर को दोषी मानते हुए उन्हें निलंबित कर दिया गया है। इसके साथ ही मामले को गंभीरता से जांच करने का निर्देश भी दिया गया है।
घटना शुक्रवार की दोपहर करीब एक बजे की है। 08738 बिलासपुर-रायगढ़ मेमू स्पेशल ट्रेन इसी समय पर रायगढ़ रेलवे स्टेशन पहुंचती है। जैसे ही ट्रेन के रायगढ़ पहुंचने का संकेत मिला। इस पर ड्यूटीरत स्टेशन मास्टर को प्लेटफार्म तीन के लिए सिग्नल देना था। लेकिन, उन्होंने लाइन नंबर पांच का सिग्नल दिया। जहां प्लेटफार्म की सुविधा ही नहीं है। इस पर ट्रेन उसी लाइन में घुस गई। अभी होम सिग्नल पार ही की थी कि अचानक चालक एके गुप्ता की नजर पड़ी। वह समझ गए कि ट्रेन गलत लाइन पर जा रही थी। इस पर चालक ने आपातकालीन ब्रेक लगाकर ट्रेन को रोक दिया।
ट्रेन पाइंट से पहले खड़ी हो गई। इस पर चालक ने वाकी-टाकी के जरिए इस मामले की सूचना दी। जानकारी मिलते ही स्टेशन मास्टर से लेकर रेलवे अधिकारियों के बीच हड़कंप मच गया। दरअसल यह बड़ी चूक थी। इस तरह की लापरवाही दुर्घटना का कारण भी बन सकती है। सभी मौके पर पहुंचे और स्टेशन मास्टर ने मेमो देकर ट्रेन को पीछे करवाया। वापस आने के बाद ट्रेन को जिस प्लेटफार्म पर जाना था वहां पहुंची। इस घटना के चलते ट्रेन करीब आधे घंटे तक खड़ी रही।
इस दौरान कई यात्री वहीं उतरकर स्टेशन से बाहर निकले। चूंकि इस लापरवाही के लिए प्रथम दृष्टया सिग्नल देने वाले स्टेशन मास्टर को ही दोषी माना गया, इसलिए तत्काल उन्हें निलंबित कर दिया गया। बीते मंगलवार को इसी तरह की घटना बिलासपुर स्टेशन में हुई थी। यहां झारसुगुड़ा-गोंदिया पैसेंजर को प्लेटफार्म चार के बजाय बाइपास रेल लाइन का सिग्नल दे दिया गया था। इस घटना के लिए दो स्टेशन मास्टर को निलंबित किया गया था।
चार दिन के भीतर एक ही तरह की दो घटनाओं के बाद यह तो स्पष्ट है कि इसके पीछे कोई बड़ी वजह है। सालों से रेलवे में सेवा देने वाले अनुभवी स्टेशन मास्टर आखिर ऐसी गलती क्यों कर रहे हैं। रेल प्रशासन इस पर गंभीरता से विचार नहीं कर रहा है।
इस बारे में दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे जोन के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी साकेत रंजन का कहना है की
सिग्नल देने के क्रम में कुछ भ्रम हुआ था। इसे समय पर दूर कर लिया गया है। ट्रेन को उसके नियत प्लेटफार्म पर लिया गया। घटना की जांच की जा रही है। प्रथम दृष्टया आन ड्यूटी स्टेशन मास्टर को निलंबित किया गया है।















